
शिमला. हाईकोर्ट नेशोघी मैहली सड़क की दुर्दशा को लेकर दायर याचिका में सरकार और एमसी शिमला को नोटिस जारी करके दो हफ्ते के अंदर जवाब तलब किया है। कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश संजय करोल न्यायाधीश अजय मोहन गोयल ने रचना डोगरा की ओर से जनहित में दायर याचिका की प्रारंभिक सुनवाई के बाद सरकार नगर निगम को नोटिस जारी किया। प्रार्थी ने आरोप लगाया है कि शोघी मैहली सड़क पर काफी लंबे अरसे से मेटलिंग होने के कारण गड्ढे ही गड्ढे हैं। इस सड़क के नीचे से अश्वनी खड्ड से शिमला को पानी की मेन पाइप लाइन बिछाई गई है। यहां हर तीसरे दिन लीकेज होती है जिस कारण इस सड़क को खोदा जाता है। खोदने के बाद सड़क के तो खड्डे भरे जाते हैं और ही मेटलिंग की जाती है। इस सड़क से एपीजी यूनिवर्सिटी, एक स्कूल तथा एक आईटीआई जैसे संस्थान हैं जिनमें हजारों छात्र शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। साफ मौसम में इस सड़क पर धूल ही धूल होती है जबकि बारिश में कीचड़। धूल के कारण स्थानीय लोगों के स्वास्थ्य पर विपरीत प्रभाव पड़ रहा है। प्रार्थी ने इस सड़क की तुरंत मैटलिंग सड़क के नीचे दबाई गई 40 से 50 वर्ष पुरानी पाइप लाइन को बदलने...
आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
^पूरी खबर पढ़े: source - Dainik Bhaskar
No comments:
Post a Comment