जनजातीय क्षेत्रों के जरूरतमंद हिमाचलियों को चौपर उपलब्ध करवाने को केंद्र ने पहली बार दिए साढ़े सात करोड़
शिमला – हिमाचल प्रदेश के दुर्गम और जनजातीय क्षेत्रों में हवाई उड़ानों के लिए अच्छे दिन आ गए हैं। प्रदेश के जरूरतमंद लोगों को हवाई सुविधा प्रदान करने का खर्चा केंद्रीय गृह मंत्रालय उठाएगा। केंद्र से पहली बार मिली इस सौगात के तहत गृह मंत्रालय ने हिमाचल प्रदेश को साढ़े सात करोड़ की राशि जारी कर दी है। पहली बार केंद्र ने हवाई उड़ानों के लिए राज्य को आर्थिक सहायता प्रदान की है। केंद्रीय गृह मंत्रालय से साढ़े सात करोड़ की राशि जारी होने की पुष्टि करते हुए मुख्य सचिव बीके अग्रवाल ने कहा कि इससे राज्य सरकार को बहुत बड़ी राहत मिली है। हिमाचल सरकार ने हवाई सुविधा के लिए पवन हंस एयरवेज से 24 सीटर एमई-17 चौपर लीज पर ले रखा है। बर्फबारी के दौरान प्रदेश के दुर्गम और जनजातीय क्षेत्रों में इसी चौपर की सेवाएं ली जाती हैं। जरूरतमंद लोगों से सरकार सबसिडाइज्ड न्यूनतम दरों पर किराया लेती है। शेष खर्चा राज्य सरकार अपने स्तर पर उठा रही है। इसके चलते पवनहंस एयरवेज को राज्य सरकार प्रति माह एक करोड़ 20 लाख का भुगतान कर रही है। इसके लिए राज्य सरकार और पवनहंस एयरवेज के बीच न्यूनतम 40 घंटे हेलिकाप्टर प्रयोग का समझौता हुआ है। इससे ज्यादा चौपर के प्रयोग पर एयरवेज कंपनी हिमाचल सरकार से प्रति घंटा की दर से अतिरिक्त राशि वसूल करेगी। प्रदेश सरकार हर साल औसतन 14 करोड़ के करीब की राशि हेलिकॉप्टर सुविधा पर खर्च कर रही है। इसमें मुख्यमंत्री, राज्यपाल और केंद्र से आने वाले अति विशिष्ट मेहमानों के लिए चौपर सुविधा का प्रयोग किया जाता है। आपात स्थिति में हिमाचल सरकार लीज पर लिए चौपर को लोगों की सुविधा के लिए प्रयोग में लाती है। इसके अलावा सर्दियों के मौसम में चंबा जिला के पांगी और लाहुल-स्पीति के लिए हवाई उड़ानों की सुविधा देने का प्रावधान है। इसके अलावा डोडराक्वार और अन्य दुर्गम बर्फबारी वाले इलाकों में हवाई सेवा दिए जाने की व्यवस्था का प्रावधान है। लिहाजा इसके लिए सरकार को सालाना 14 करोड़ के करीब राशि खर्च करनी पड़ती है। इस बार केंद्र सरकार ने साढ़े सात करोड़ की राशि जारी कर प्रदेश के खजाने को बहुत बड़ा सहारा दिया है। भारत सरकार का गृह मंत्रालय जम्मू-कश्मीर और हिमाचल प्रदेश में दुर्गम क्षेत्र के लोगों के लिए आर्थिक सहायता जारी कर रहा है। इस कड़ी में वर्ष 2017-18 के लिए दो करोड़ की लंबित राशि जारी की गई है। इसी तर्ज पर वर्ष 2018-19 के लिए साढ़े पांच करोड़ की आर्थिक सहायता हवाई उड़ानों के लिए दी गई है। इसके चलते एक साथ साढ़े सात करोड़ का पैकेज हिमाचल को मिला है। केंद्र से मिली इस सौगात के बाद इस बार जनजातीय क्षेत्रों में हवाई उड़ानों के लिए सरकार पर ज्यादा आर्थिक बोझ नहीं बढ़ेगा। गाइडलाइंस के तहत जरूरतमंद लोगों से सबसिडाइज्ड न्यूनतम किराया लिया जाएगा। इस आधार पर ट्राइबल एरिया में होने वाली उड़ानों के खर्च के अंतर की सारी भरपाई केंद्र सरकार का गृह मंत्रालय करेगा। यह योजना निकट भविष्य में भी जारी रहेगी। इस कारण अब हिमाचल के जरूरतमंद लोगों की हवाई उड़ानों के लिए हिमाचल सरकार पर किसी तरह का ज्यादा आर्थिक बोझ नहीं पड़ेगा।
The post दुर्गम क्षेत्रों में हवाई उड़ानों के अच्छे दिन appeared first on Divya Himachal: No. 1 in Himachal news - News - Hindi news - Himachal news - latest Himachal news.
Courtsey: Divya Himachal
Read full story: http://www.divyahimachal.com/2018/10/%e0%a4%a6%e0%a5%81%e0%a4%b0%e0%a5%8d%e0%a4%97%e0%a4%ae-%e0%a4%95%e0%a5%8d%e0%a4%b7%e0%a5%87%e0%a4%a4%e0%a5%8d%e0%a4%b0%e0%a5%8b%e0%a4%82-%e0%a4%ae%e0%a5%87%e0%a4%82-%e0%a4%b9%e0%a4%b5%e0%a4%be/
Post a Comment